PreviousLater
Close

आज छूटा हूँ, आज ही उलझा मतवां8एपिसोड

2.0K2.0K

आज छूटा हूँ, आज ही उलझा मत

वीर सिंह जेल से जल्दी रिहा होकर भाई ध्रुव और भाभी प्रिया के साथ लौटा। रास्ते में अनिका रेड्डी की कार से टक्कर हो गई। अनिका ने पचास हज़ार रुपये की माँग कर दी। तारा को हॉस्पिटल पहुँचाने के लिए वीर रुक गया। उसने अनिका और उसके साथियों को हराया और उनका सहायक यश मल्होत्रा को बुलवाया। यश ने प्रिया को मुआवज़ा माँगा, जिससे वीर भड़क गया। फिर अर्जुन राठौर अपने लोगों के साथ आया। वीर ने अकेले ही सबको हरा दिया। तभी चेयरमैन शौर्य मल्होत्रा ने वीर को पहचानकर उसकी मदद की
  • Instagram
इस एपिसोड की समीक्षा

भूरे स्वेटर वाले की मजबूरी

भूरे स्वेटर वाले व्यक्ति की बेचारी देखकर दिल द्रवित हो गया। हरे सूट वाले का घमंड साफ झलकता है। इस शो आज छूटा हूँ आज ही उलझा मत में ऐसा लगता है कि कोई पुरानी दुश्मनी चल रही है। सड़क पर भीड़ जमा होना और वो निचला दिखाना बहुत ही नाटकीय था। मुझे यह दृश्य बहुत पसंद आया क्योंकि इसमें भावनाओं की गहराई है। नेटशॉर्ट ऐप पर देखने का अनुभव भी काफी अच्छा रहा है। किरदारों की एक्टिंग भी बहुत ही लाजवाब लगी है।

काली कोट वाली की चिंता

काली कोट वाली महिला की चिंता साफ दिख रही थी। जब वो व्यक्ति घुटनों पर गिरा तो सबकी सांसें रुक गईं। आज छूटा हूँ आज ही उलझा मत की कहानी में यह मोड़ बहुत महत्वपूर्ण लगता है। हरे कोट वाले व्यक्ति की मुस्कान में छिपी खतरनाकियत को देखकर रोंगटे खड़े हो गए। ऐसा लगता है कि अब कुछ बड़ा होने वाला है। यह दृश्य बहुत ही तनावपूर्ण था और दर्शकों को बांधे रखता है। आगे की कहानी जानने की उत्सुकता बढ़ गई है।

ग्रे जैकेट वाली चुप्पी

ग्रे जैकेट वाले युवक की चुप्पी सबसे ज्यादा शोर मचा रही थी। वह सब देख रहा था पर कुछ नहीं बोला। आज छूटा हूँ आज ही उलझा मत में शायद वह किसी बड़े खुलासे का इंतजार कर रहा है। भूरे कपड़ों वाले की विनती और हरे सूट वाले का ठंडा रवैया बहुत ही विपरीत था। यह कहानी मुझे बहुत पसंद आ रही है क्योंकि इसमें हर किरदार की अपनी अहमियत है। नेटशॉर्ट पर यह सीरीज जरूर देखें। यह बहुत ही रोमांचक है।

सड़क पर तमाशा

सड़क के बीचोंबीच यह तमाशा देखकर हैरानी हुई। हरे सूट वाले ने जब धक्का दिया तो लगा कि अब मारपीट होगी। आज छूटा हूँ आज ही उलझा मत में इज्जत का सवाल बहुत बड़ा बन गया है। भीड़ में खड़े लोग बस तमाशबीन बने हुए हैं जो असलियत को दर्शाते हैं। भूरे स्वेटर वाले की आंखों में आंसू और मजबूरी साफ दिख रही थी। यह दृश्य दिल को छू लेने वाला था और बहुत प्रभावशाली लगा। मुझे यह शो बहुत पसंद आ रहा है।

नया रहस्य हर एपिसोड में

इस शो आज छूटा हूँ आज ही उलझा मत का हर एपिसोड नया रहस्य लेकर आता है। चश्मे वाले व्यक्ति की हालत देखकर बहुत बुरा लगा। हरे कोट वाले का व्यवहार बहुत ही घटिया लगा जो किसी को पसंद नहीं आएगा। महिला का खड़ा रहना और कुछ न कर पाना भी एक मजबूरी थी। यह कहानी समाज की कड़वी सच्चाई को भी दिखाती है। मुझे यह किरदार और इनकी एक्टिंग बहुत ही बेहतरीन लगी है। नेटशॉर्ट ऐप का इंटरफेस भी अच्छा है।

खतरनाक चमक आंखों में

हरे सूट वाले की आंखों में जो चमक थी वो खतरनाक थी। उसने जैसे ही कंधे पर हाथ रखा, सब कुछ बदल गया। आज छूटा हूँ आज ही उलझा मत में सत्ता का संतुलन बहुत ही दिलचस्प तरीके से दिखाया गया है। भूरे कपड़ों वाले की गिड़गिड़ाहट और उसका जवाब में मिली उपेक्षा बहुत दर्दनाक थी। यह दृश्य बहुत ही तीव्र था और दर्शकों को सोचने पर मजबूर कर देता है। नेटशॉर्ट ऐप की क्वालिटी भी अच्छी है। यह शो बेहतरीन है।

जमीन पर गिरा वो व्यक्ति

जब वो व्यक्ति जमीन पर गिरा तो लगा कि अब सब खत्म हो गया। आज छूटा हूँ आज ही उलझा मत की कहानी में यह सबसे निचला पड़ाव लगता है। हरे कोट वाले की हंसी और बाकी लोगों का खामोश रहना बहुत कुछ कहता है। काली कोट वाली महिला की आंखों में भी आंसू थे जो उसकी बेचारी दिखाते हैं। यह सीन बहुत ही भावनात्मक था और मुझे बहुत प्रभावित किया। यह शो जरूर देखना चाहिए। नेटशॉर्ट पर उपलब्ध है।

हर किरदार का अपना रंग

इस दृश्य में हर किरदार का अपना रंग है। ग्रे जैकेट वाला शांत है तो हरे सूट वाला गुस्से में है। आज छूटा हूँ आज ही उलझा मत में यह टकराव बहुत ही खूबसूरती से दिखाया गया है। भूरे स्वेटर वाले की मजबूरी और उसकी विनती बहुत ही दिल को छू लेने वाली थी। सड़क का माहौल और गाड़ियों का होना इस दृश्य को और भी असली बनाता है। मुझे यह कहानी बहुत पसंद आ रही है और मैं आगे देखना चाहता हूँ।

अहंकार का खेल

हरे कोट वाले का अहंकार साफ झलकता है जब वह दूसरों को नीचा दिखाता है। आज छूटा हूँ आज ही उलझा मत में यह किरदार बहुत ही नफरत के लायक है। भूरे कपड़ों वाले की हालत देखकर कोई भी इंसान रो पड़े। भीड़ में खड़े लोग भी इसका हिस्सा बन गए हैं जो बहुत ही दुखद है। यह शो समाज के अलग-अलग पहलुओं को दिखाता है। नेटशॉर्ट पर यह सीरीज बहुत ही लोकप्रिय हो रही है और मुझे भी पसंद आ रही है।

इज्जत का सवाल

अंत में यह कहानी बहुत ही गहरी लगती है जब इज्जत का सवाल आता है। आज छूटा हूँ आज ही उलझा मत में यह दृश्य सबसे यादगार बन गया है। चश्मे वाले व्यक्ति की आंखों में जो दर्द था वो शब्दों में बयां नहीं किया जा सकता। हरे सूट वाले का व्यवहार बहुत ही क्रूर था जो किसी को पसंद नहीं आएगा। यह शो बहुत ही बेहतरीन है और इसकी एक्टिंग भी लाजवाब है। मुझे यह दृश्य बहुत पसंद आया और मैं इसे बार बार देख सकता हूँ।