इस दृश्य में जब तक फूल न झर जाएँ, महारानी की भव्य पोशाक और गहरी नज़रें दर्शकों को बांध लेती हैं। नीली पोशाक वाली युवती का घुटनों पर गिरना और उसकी आँखों में डर, सत्ता के सामने असहायता को बयां करता है। आग की मशालें और पत्थर की दीवारें माहौल को और भी तनावपूर्ण बनाती हैं। जब वह युवक आता है, तो लगता है कि कहानी में नया मोड़ आएगा। यह दृश्य भावनाओं से भरपूर है और दर्शक को अगले पल का इंतज़ार करने पर मजबूर कर देता है।