जब वो काले लिबास और चांदी के मास्क के साथ आया तो पूरा हॉल सन्न रह गया। उसकी आँखों में एक अजीब सी चमक थी जो बता रही थी कि आज कोई बड़ा खेल होने वाला है। जैनिटर का माइटि फिस्ट में ऐसे विलेन ही तो असली मज़ा देते हैं। उसने जैसे ही हाथ हिलाया, सामने खड़ा लड़का दर्द से तड़पने लगा। ये सीन देखकर रोंगटे खड़े हो गए।
शुरुआत में लगा कि ये चेकर्ड सूट वाला शख्स हीरो है, लेकिन जैसे ही उसने अपने साथी को पीछे से वार किया, सबकी आँखें फटी रह गईं। धोखा देना उसकी फितरत में है। जैनिटर का माइटि फिस्ट की कहानी में ये ट्विस्ट बहुत ही शानदार था। उसकी चालाकी और मास्क वाले की ताकत का मुकाबला देखना अब और भी रोमांचक हो गया है।
वो लड़की जो सफेद पोशाक में खड़ी थी, उसकी आँखों में डर और हैरानी साफ दिख रही थी। जब उसके सामने इतनी हिंसा हो रही हो तो किसी का भी दिल दहल जाए। जैनिटर का माइटि फिस्ट में उसके रिएक्शन बहुत ही नेचुरल लगे। वो बस खड़ी देखती रही जैसे उसे यकीन ही न हो रहा हो कि ये सब सच हो रहा है।
मास्क वाले ने जब अपनी हथेली में छुपी सुई निकाली और उसे दुश्मन के शरीर में घुसेड़ा, तो लाल रंग की ऊर्जा फैल गई। ये जादुई एलिमेंट जैनिटर का माइटि फिस्ट को और भी दिलचस्प बना देता है। ऐसा लग रहा था जैसे उस सुई में कोई ज़हरीली शक्ति हो जो इंसान को अंदर से खा रही हो। वीएफएक्स का इस्तेमाल बहुत बढ़िया था।
वर्ल्ड मार्शल आर्ट्स टूर्नामेंट का मंच अब युद्ध का मैदान बन चुका है। जो लोग जीतने आए थे, अब वो अपनी जान बचाने की कोशिश कर रहे हैं। जैनिटर का माइटि फिस्ट में ये सीन दिखाता है कि कैसे एक प्रतियोगिता अचानक मौत के खेल में बदल सकती है। धूल और धुएं के बीच लड़ते हुए पात्रों को देखकर रोमांच अपने चरम पर था।