काले सूट में सजे उस बूढ़े आदमी की आवाज में इतना दम था कि पूरा हॉल सन्न रह गया। जब उन्होंने छड़ी टेकते हुए बात की, तो सामने खड़े सभी लोग सहम गए। खासकर वह लड़का जो पहले इतना घमंडी लग रहा था, अब माफी मांगते हुए रो रहा है। बिना पते की माफ़ी की गुहार लगाने से पहले उसे सोचना चाहिए था। इस सीन में पावर डायनामिक्स का जो खेल दिखाया गया है, वह वाकई देखने लायक है।
लाल साड़ी पहनी उस लड़की का एक्सप्रेशन देखने जैसा था। शुरू में वह सब कुछ शांति से देख रही थी, लेकिन जैसे-जैसे मामला बिगड़ता गया, उसकी आंखें फैलती गईं। जब वह लड़का जमीन पर गिरा, तो उसका मुंह खुला का खुला रह गया। लगता है उसे उम्मीद नहीं थी कि बात इतनी दूर जाएगी। बिना पते की माफ़ी मांगने की नौबत आएगी, यह शायद उसने भी नहीं सोचा था। उसकी आंखों में डर और हैरानी का मिश्रण साफ दिख रहा था।
चांदी जैसी चमकदार पोशाक पहनी वह लड़की पूरे हॉल में सबसे अलग लग रही थी। उसकी पोशाक के डिजाइन और ज्वेलरी से साफ पता चलता है कि वह किसी खास हैसियत की है। जब सब लोग शोर मचा रहे थे, वह बिल्कुल शांत खड़ी थी। उसकी आंखों में एक अजीब सी ठंडक थी। बिना पते की माफ़ी की बात जब उठी, तो उसने सिर्फ एक नजर देखा और मुड़ गई। ऐसा लगता है जैसे वह सब कुछ पहले से जानती हो और इसी का इंतजार कर रही हो।
पूरे हॉल में एक अजीब सा तनाव था। नीली लाइट्स और सजावट के बावजूद माहौल भारी लग रहा था। जब बूढ़े आदमी ने गुस्सा दिखाया, तो सबकी सांसें रुक सी गईं। पीछे खड़े लोग फुसफुसा रहे थे और कुछ हैरानी से देख रहे थे। बिना पते की माफ़ी की गुहार के बीच सबकी नजरें उस लड़के पर थीं जो जमीन पर गिरा हुआ था। यह सीन दिखाता है कि कैसे एक छोटी सी गलती पूरे माहौल को बदल सकती है और सबकी नजरें एक ही तरफ हो सकती हैं।
काले सूट और टाई में सजे उस बूढ़े आदमी का गुस्सा देखकर लगता था जैसे ज्वालामुखी फट पड़ा हो। उनकी आवाज में इतना दम था कि पूरा हॉल कांप उठा। जब उन्होंने उंगली उठाकर कुछ कहा, तो सामने खड़ा लड़का कांपने लगा। बिना पते की माफ़ी मांगने की बात जब निकली, तो उनकी आंखों में आग थी। उनका स्टैंड और छड़ी पकड़ने का तरीका बताता है कि वह किसी बड़े पद पर हैं और उनकी बात को टाला नहीं जा सकता।