उस कीड़े का डिज़ाइन बहुत डरावना लग रहा था। आग की लपटें बीच में देखकर लगता है कि बहुत बड़ा युद्ध होने वाला है। सफेद बालों वाली लड़की की आंखों में गुस्सा साफ दिख रहा था। पिस्सू बनकर जन्म: खून चूसके देवराज में ऐसे सीन देखकर रोंगटे खड़े हो जाते हैं। एनिमेशन की क्वालिटी भी काफी अच्छी लगी मुझे।
हरे यूनिफॉर्म वाली लड़की बहुत बहादुर लग रही थी। उसके हाथ में स्टॉफ था और वह लड़ने के लिए तैयार खड़ी थी। पीछे जंगल जल रहा था फिर भी वह नहीं डरी। पिस्सू बनकर जन्म: खून चूसके देवराज में ब्लॉन्ड लड़के की मुस्कान में कुछ चालाकी थी जो मुझे पसंद नहीं आई। कहानी में ट्विस्ट आने वाला है पक्का।
सुनहरे बालों वाले लड़के का व्यवहार बहुत संदिग्ध लग रहा था। वह आग देखकर डरने के बजाय मुस्कुरा रहा था। उसकी आंखों में अजीब सी चमक थी। पिस्सू बनकर जन्म: खून चूसके देवराज के प्रेमियों को यह किरदार जरूर पसंद आएगा। खलनायक वाला अंदाज बहुत स्पष्ट था इसमें।
बूढ़े व्यक्ति की एंट्री ब्लू पक्षी पर बहुत शानदार थी। लेकिन उसे यह उम्मीद नहीं थी कि धोखा मिलेगा। जब चाकू लगा तो उसके चेहरे का दर्द असली लग रहा था। पिस्सू बनकर जन्म: खून चूसके देवराज में खून देखकर झटका लगा। ऐसे सीन दिल पर भारी पड़ते हैं। कहानी बहुत गहरी होती जा रही है।
जलते हुए जंगल का दृश्य बहुत ही ड्रामेटिक था। धुएं और आग का असर बहुत अच्छे से दिखाया गया है। पात्रों के कपड़े भी बहुत बारीक हैं। पिस्सू बनकर जन्म: खून चूसके देवराज में दृश्यों पर खासा ध्यान दिया गया है। मुझे यह भाग बहुत पसंद आया।
ब्लॉन्ड लड़के ने जब चाकू मारा तो मैं चौंक गया। उसने बहुत ठंडे दिमाग से यह काम किया। बूढ़े व्यक्ति का चेहरा देखकर तरस आया। पिस्सू बनकर जन्म: खून चूसके देवराज में यह धोखा कहानी का सबसे बड़ा मोड़ हो सकता है। आगे क्या होगा यह जानने की उत्सुकता बढ़ गई है।
सफेद बालों वाली लड़की की अभिनय बहुत स्वाभाविक थी। उसकी आंखों में आंसू और गुस्सा दोनों थे। वह अपने दोस्त को बचाना चाहती थी। पिस्सू बनकर जन्म: खून चूसके देवराज में भावनात्मक दृश्य बहुत अच्छे बनते हैं। मुझे यह किरदार बहुत पसंद आया।
नीले पक्षी का डिज़ाइन बहुत यूनिक था। उस पर सवार होकर बूढ़ा व्यक्ति आया था। लेकिन अंत अच्छा नहीं हुआ। पिस्सू बनकर जन्म: खून चूसके देवराज में ब्लॉन्ड लड़के की चालाकी ने सब खत्म कर दिया। यह कहानी बहुत ही रहस्यमयी लग रही है मुझे। देखने में मजा आ रहा है।
इस शो में हर किरदार का अपना महत्व है। कीड़े से लेकर इंसानों तक सब कुछ खतरनाक है। आग का माहौल डर पैदा करता है। पिस्सू बनकर जन्म: खून चूसके देवराज को देखकर लगता है कि निर्माण अच्छा रहा होगा। संघर्ष और भावना दोनों हैं।
अंत में ब्लॉन्ड लड़का शांत खड़ा था। उसे अपनी गलती का अफसोस नहीं था। यह दिखाता है कि वह कितना खतरनाक है। पिस्सू बनकर जन्म: खून चूसके देवराज में बूढ़े व्यक्ति की मौत के बाद कहानी में बड़ा बदलाव आएगा। मुझे अगला एपिसोड देखने का इंतजार है।