शुरुआत में जो रोमांस था वह बहुत प्यारा लगा। लाल पोशाक वाली महिला ने जब गिफ्ट दिया तो लगा सब ठीक है। लेकिन फिर फियोना के आने ने सब बदल दिया। झूठी कसम, सच्ची लगन ने मुझे हैरान कर दिया। तनाव बढ़ता गया और अंत तक सांस रुक गई। यह कहानी आगे क्या मोड़ लेगी देखना बाकी है।
फियोना ने शैंपेन में कुछ मिलाया यह देखकर चौंक गई। इतनी खूबसूरत शाम को खराब करना उसका मकसद था। झूठी कसम, सच्ची लगन में ऐसा मोड़ उम्मीद नहीं था। सफेद सूट वाला पुरुष बेचारा कुछ समझ नहीं पाया। काश वह सच जल्दी जान पाता। खलनायक वाली अभिनय बहुत जबरदस्त लगी।
शहर का नज़ारा दिखने वाले रेस्तरां का दृश्य कमाल का था। चैंडलियर की रोशनी में वो टाई बांधने वाला सीन बहुत खास था। झूठी कसम, सच्ची लगन की दृश्यों पर कोई शक नहीं। लेकिन कहानी में जो धोखा दिखाया गया वह दिल को छू गया। निर्माण गुणवत्ता बहुत उच्च स्तर की लग रही है।
फियोना का व्यवहार बहुत अजीब और खतरनाक था। उसने जब उसकी गर्दन को छुआ तो पुरुष घबरा गया। झूठी कसम, सच्ची लगन में रिश्तों की जटिलता दिखाई गई है। मुझे नहीं लगता वह उसे छोड़ेगी। यह कहानी बहुत गहरी होती जा रही है। हर किरदार के अपने मकसद हैं।
पुरुष के चेहरे पर पसीना देखकर लगा उसे नशा दिया गया है। वह कुछ बोल नहीं पा रहा था। झूठी कसम, सच्ची लगन में रहस्य का तड़का बहुत अच्छा लगा। शुरुआत में लगा सीधा रोमांस है पर बाद में रहस्यमयी बन गया। ऐसी कहानियां मुझे बहुत पसंद आते हैं।
टाई का गिफ्ट बहुत प्रतीकात्मक लगा। जैसे वह उसे बांधना चाहती थी। पर दूसरी महिला ने बीच में दखल दिया। झूठी कसम, सच्ची लगन में प्यार और अधिकार की लड़ाई दिखी। लाल पोशाक वाली चली गई पर उसकी याद रहेगी। यह सीन बहुत यादगार बन गया।
रेस्तरां का माहौल बहुत आलीशान था। पियानो की आवाज़ पृष्ठभूमि में मूड बना रही थी। झूठी कसम, सच्ची लगन ने माहौल का अच्छा इस्तेमाल किया। जब फियोना आई तो सब बदल गया। संगीत और सीन का मेल बहुत अच्छा था। मुझे यह शैली बहुत पसंद आई।
अंत बहुत अधूरे अंत पर हुआ। पहली महिला क्यों चली गई यह समझ नहीं आया। झूठी कसम, सच्ची लगन का अगला भाग कब आएगा। फियोना की योजना क्या है यह जानना जरूरी है। मैं इस कहानी में पूरी तरह फंस गई हूं। जल्दी सूचना चाहिए।
लाल पोशाक वाली महिला की आंखों में दर्द साफ दिख रहा था। जब वह चली गई तो सीन बहुत भावुक हो गया। झूठी कसम, सच्ची लगन में अभिनय बहुत स्वाभाविक है। बिना डायलॉग के भी भाव समझ आ गए। यह कलाकारों की ताकत है। मुझे बहुत प्रभावित किया।
कुछ ही मिनट में इतने उतार चढ़ाव देखने को मिले। प्यार से लेकर खतरे तक का सफर। झूठी कसम, सच्ची लगन देखने लायक कार्यक्रम है। जुड़ाव असली लग रहा था बीच में रुकावट आई। अब आगे क्या होगा यह सबकी चिंता है। मैं तो बस देखती रह गई।