बूढ़े जुआरी की आंखों में हार का दर्द साफ दिख रहा था जब उसने बंदूक अपने सिर पर रखी। आदित्य की शांति देखकर लगता है वो कुछ खेलने वाला है। (डबिंग) ठुकराया हुआ इक्का में ऐसे मोड़ बार बार दिल की धड़कनें बढ़ा देते हैं। कैसीनो की चमक के पीछे छिपा अंधेरा बहुत गहरा है। हर पल नया ट्विस्ट आता है जो दर्शकों को बांधे रखता है।
करण का पागलपन अब साफ दिख रहा है जब उसने लाइटर जलाकर सबको धमकी दी। आदित्य ने बिना डरे उसका सामना किया जो काबिले तारीफ है। (डबिंग) ठुकराया हुआ इक्का की कहानी में हर किरदार का अपना राज है। बालकनी वाला सीन तो रोंगटे खड़े करने वाला था। मुझे ये ड्रामा बहुत पसंद आ रहा है।
बंदूक से निकला पत्ता देखकर सबकी आंखें फटी रह गईं। ये जादू नहीं बल्कि खतरनाक खेल है। (डबिंग) ठुकराया हुआ इक्का में हर पल नया सस्पेंस मिलता है। बूढ़े जुआरी की हार ने कहानी को नया मोड़ दिया है। अब देखना है आदित्य कैसे जीतता है। एक्शन सीन्स बहुत शानदार हैं।
कैसीनो की मेज पर लगा दांव सिर्फ पैसे का नहीं जान का था। करण ने सब कुछ हारकर बदला लेने की ठानी है। (डबिंग) ठुकराया हुआ इक्का के डायलॉग बहुत दमदार हैं। आदित्य की चालाकी देखकर लगता है वो करण से एक कदम आगे है। माहौल में तनाव साफ झलक रहा है।
जब करण ने कहा कि कोई ज़िंदा नहीं बचेगा तो माहौल में सन्नाटा छा गया। आदित्य की आंखों में डर नहीं गुस्सा था। (डबिंग) ठुकराया हुआ इक्का में एक्शन और इमोशन का बेहतरीन मिश्रण है। ये सीन देखकर मैं भी अपनी सांस रोके बैठा रहा। कहानी बहुत रोचक बन गई है।
पुराने जुआरी ने अपनी हार मान ली पर करण नहीं माना। ये जिद सबकी जान ले सकती है। (डबिंग) ठुकराया हुआ इक्का की स्क्रिप्ट बहुत मजबूत है। आदित्य ने जिस तरह बंदूक छीनी वो पल सबसे बेहतरीन था। अब आगे क्या होगा ये सोचकर नींद नहीं आ रही। बहुत ही शानदार प्रोडक्शन है।
करण की हंसी में पागलपन साफ झलक रहा था जब वो ऊपर खड़ा था। आदित्य नीचे खड़ा सब संभालने की कोशिश कर रहा है। (डबिंग) ठुकराया हुआ इक्का में हर एपिसोड के बाद उत्सुकता बढ़ती है। लाइटर वाली धमकी ने तो हद ही कर दी। मुझे ये किरदार बहुत पसंद आ रहे हैं।
शर्त में हाथ लगाना कोई मजाक नहीं था। आदित्य ने बिना पीछे हटे अपना दांव खेला। (डबिंग) ठुकराया हुआ इक्का में रिस्क लेने का अलग ही मजा है। कैसीनो की रोशनी में छिपी ये साजिश धीरे धीरे बाहर आ रही है। हर डायलॉग में वजन है। मुझे ये क्वालिटी बहुत पसंद है।
बूढ़े जुआरी की आंखों में आंसू और गुस्सा दोनों थे। करण ने अपने ही लोगों को नहीं बख्शा। (डबिंग) ठुकराया हुआ इक्का की कहानी बहुत पेचीदा है। आदित्य की एंट्री ने खेल बदल दिया। अब देखना है ये आग कैसे बुझती है। बहुत ही रोमांचक सीन थे। एक्टिंग लाजवाब है।
अंत में जब करण ने आदित्य को अपने साथ जाने को कहा तो तनाव चरम पर था। (डबिंग) ठुकराया हुआ इक्का में क्लाइमेक्स की तैयारी शुरू हो गई है। कैसीनो का सेट बहुत भव्य लगा। हर किरदार की एक्टिंग ने जान डाल दी है। मैं अगला एपिसोड देखने के लिए बेताब हूं।