फोन का मैसेज देखकर ही सस्पेंस बहुत बढ़ गया था। एलिस की नज़रें साफ़ तौर पर कुछ छिपा रही हैं। इस कहानी में हर पल एक नया मोड़ आता है। बेटे की मंगेतर, माँ की दुश्मन देखकर लगता है कि होटल की ये नौकरानी असल में कोई और ही खेल खेल रही है। लाल बालों वाली बहू की घबराहट साफ़ दिख रही थी। नेटशॉर्ट पर ऐसे ड्रामे देखना बहुत पसंद है। हर एपिसोड में नई जानकारियां मिलती हैं जो हैरान कर देती हैं। दर्शक हर पल जुड़े रहते हैं।
डेज़ी की मदद करने वाली भावना बहुत असली लगती है। जब वो बहू अचानक भागी तो सब लोग हैरान रह गए। ये सीन बहुत तेज़ी से बदला और देखने वालों को बांधे रखा। बेटे की मंगेतर, माँ की दुश्मन में रिश्तों की ये उलझन देखने लायक है। लिफ्ट से निकलते ही मालिक के बेटे का चेहरा देखकर लगा कि अब असली खेल शुरू होगा। नेटशॉर्ट ऐप पर ये सीरीज़ सबसे अलग लग रही है। सबको अपनी-अपनी मंज़िल पानी है।
ज़मीन पर गिरने का नाटक था या सच में चोट लगी थी? एलिस के हाथ में पट्टी भी है, शायद वो भी किसी साजिश का हिस्सा है। बेटे की मंगेतर, माँ की दुश्मन की कहानी में धोखा हर कदम पर मौजूद है। जब वो युवक सामने आया तो पूरा माहौल बदल गया। नेटशॉर्ट ऐप पर ये सीरीज़ देखना बहुत पसंद है। हर फ्रेम में कहानी छिपी है जो दर्शकों को बांधे रखती है। सस्पेंस बना हुआ है।
होटल का माहौल बहुत तनावपूर्ण दिखाया गया है। स्टॉफ के बीच भी कोई भरोसा नहीं बचा है। लाल बालों वाली बहू भागकर किसके पास गई? बेटे की मंगेतर, माँ की दुश्मन में माँ और बहू की लड़ाई अब साफ़ हो रही है। मालिक के बेटे ने उसे गले लगा लिया, ये देखकर दिल पिघल गया। ऐसे इमोशनल पल बार-बार देखने को मिलते हैं। नेटशॉर्ट पर वीडियो की क्वालिटी बहुत अच्छी है।
एलिस ने फोन छीना तो लगा वो कुछ गड़बड़ कर रही है। मैसेज में वेल आइलैंड का ज़िक्र था, शायद कोई गुप्त जगह है। बेटे की मंगेतर, माँ की दुश्मन में लोकेशन भी कहानी का हिस्सा बनती है। डेज़ी अकेली रह गई जब सब भाग गए। नेटशॉर्ट ऐप पर ये शो देखना मेरी आदत बन गई है। हर मोड़ पर नया सस्पेंस मिलता है। डेज़ी की हालत देखकर तरस आया। कहानी बहुत रोचक है।
युवक के आते ही सबकी सांसें रुक गईं। वो स्टाफ के साथ था, मतलब वो कोई अहम इंसान है। बहू ने उसे गले लगा लिया जैसे वो ही उसका सहारा हो। बेटे की मंगेतर, माँ की दुश्मन में ये मिलन बहुत अहम है। शायद वो उसे बचाने आया था। नेटशॉर्ट ऐप पर ऐसे सीन देखकर मज़ा आता है। कहानी में गहराई बहुत है जो दर्शकों को पसंद आती है। हर पल नया खुलासा होता है।
डेज़ी ज़मीन पर गिर गई जब वो बहू भागी। क्या ये धक्का था या संयोग? एलिस और सूट वाला व्यक्ति चुपचाप चले गए। बेटे की मंगेतर, माँ की दुश्मन में दोस्त भी दुश्मन बन सकते हैं। नेटशॉर्ट पर ये शो देखना मेरी आदत बन गई है। हर मोड़ पर नया सस्पेंस मिलता है। डेज़ी की हालत देखकर तरस आया। कहानी बहुत रोचक है। मालिक का बेटा भी शामिल है।
लिफ्ट के दरवाज़े खुले और हीरो की एंट्री हुई। उसके पीछे स्टाफ खड़ा था, ये उसकी ताकत दिखाता है। लाल बालों वाली बहू सीधे उसके पास गई। बेटे की मंगेतर, माँ की दुश्मन में पावर डायनामिक बहुत दिलचस्प है। नेटशॉर्ट ऐप पर कहानी की रफ़्तार बहुत तेज़ है। कोई भी सीन बोरिंग नहीं लगता। दर्शक हर पल जुड़े रहते हैं। एक्टिंग बहुत नेचुरल है।
शुरू में लगा बहू बेहोश है, पर वो तो भागने की फिराक में थी। एलिस की चालाकी देखकर हैरानी हुई। बेटे की मंगेतर, माँ की दुश्मन में हर किरदार के अपने मकसद हैं। जब वो युवक मिला तो राहत मिली। नेटशॉर्ट पर ऐसे ड्रामे देखना बहुत पसंद है। कहानी में गहराई बहुत है। हर एपिसोड में नई जानकारियां मिलती हैं। जो दर्शकों को हैरान कर देती हैं।
अंत में जो गले मिलने का सीन था वो बहुत इमोशनल था। शायद ये दोनों एक दूसरे को बहुत चाहते हैं। बेटे की मंगेतर, माँ की दुश्मन में प्यार और नफ़रत दोनों हैं। डेज़ी को छोड़कर सब चले गए, ये बहुत दुखी करने वाला था। नेटशॉर्ट ऐप पर ये सीरीज़ जरूर देखनी चाहिए। कहानी बहुत रोचक है। दर्शक हर पल जुड़े रहते हैं। अंत बहुत प्रभावशाली है।