नीले सूट वाले की हालत देखकर दिल दहल गया। भीड़ बस मोबाइल निकालकर दृश्य बना रही थी, किसी को मदद की फिक्र नहीं। ऐसे में चमड़े की जैकेट वाला दोस्त ही काम आया। प्यार की चॉइस ने दिखाया कि मुसीबत में कौन अपना है। रहस्य बना हुआ है कि आखिर हुआ क्या? क्या ये बीमारी थी या कोई साजिश? हर दृश्य में नया सवाल खड़ा हो रहा है। मुझे अगली कड़ी देखने की बहुत जल्दी है क्योंकि कहानी बहुत रोचक मोड़ ले रही है।
गुलाबी सूट वाले और बीज रंग की कोट वाले की नोकझोंक देखने लायक थी। दोनों की आंखों में गुस्सा साफ झलक रहा था। क्या ये दोनों दुश्मन हैं या कुछ और? प्यार की चॉइस की कहानी में ये मोड़ बहुत गहरा है। हर दृश्य में नया खुलासा हो रहा है। उनके बीच की दुश्मनी की वजह जानने के लिए मैं बेताब हूं। नाटक इतना तेज है कि सांस लेने का मौका नहीं मिलता। तनाव बहुत ज्यादा था।
पार्टी का माहौल अचानक बदल गया जब वो गिरा। सब लोग हैरान खड़े थे। कुछ लोग तस्वीर खींच रहे थे, कुछ फुसफुसा रहे थे। इस शो प्यार की चॉइस में हर किरदार का अपना राज है। नाटक इतना तेज है कि सांस लेने का मौका नहीं मिलता। भीड़ की प्रतिक्रिया ने असली चेहरा दिखा दिया। सब बस तमाशबीन बने हुए थे। कोई आगे नहीं आया। यह बहुत दुखद था।
जब बीज रंग वाले ने पानी का प्याला दिया, तो लगा सब ठीक हो जाएगा। लेकिन चेहरों के भाव कुछ और ही कहानी कह रहे थे। क्या पानी में कुछ था? प्यार की चॉइस के निर्देशक ने बहुत बारीकी से ये शक पैदा किया है। मुझे अगली कड़ी देखने की जल्दी है। हर बारीकी पर गौर करना जरूरी है। रहस्य बढ़ता जा रहा है। मुझे लगता है कुछ बड़ा होने वाला है।
शहर की सड़कों पर चलते हुए उसका कदम बहुत भारी लग रहा था। जैसे कोई बड़ा बोझ कंधों पर हो। कक्ष वाले दृश्य में छवि यंत्र लेकर वो कुछ ढूंढ रहा था। प्यार की चॉइस में हर स्थान बदलने के साथ कहानी नया मोड़ लेती है। दृश्य बहुत खूबसूरत हैं। छायांकन ने माहौल बनाया। रंगों का खेल था। यह बहुत प्रभावशाली था।
चमड़े की जैकेट वाले ने जिस तरह सहारा दिया, काश सब दोस्त ऐसे हों। नीले सूट वाले की आंखें बंद होते ही डर लगने लगा। क्या वो बच पाएगा? प्यार की चॉइस में भावनात्मक दृश्य दिल को छू लेते हैं। अभिनय इतना असली लगती है कि हम भी वहीं खड़े हो जाते हैं। दर्द साफ दिख रहा था। सहारा मिला था। यह बहुत अच्छा लगा।
भीड़ में खड़ी लड़कियों की सूरत देखकर लगा जैसे कोई कांड हो गया हो। सबके हाथ में मोबाइल था। आज के दौर में निजता का क्या मतलब रह गया है? प्यार की चॉइस ने इस सच को बहुत अच्छे से दिखाया है। सामाजिक माध्यम की दीवानगी हावी है। सब कुछ दर्ज हो रहा था। शर्म की बात है। यह बहुत चिंताजनक है।
गुलाबी सूट वाले की आंखों में जो ठंडक थी, वो डरावनी थी। बिना कुछ बोले ही वो सब समझा रहा था। बीज रंग वाले ने जब उसका गला पकड़ा, तो माहौल गर्म हो गया। प्यार की चॉइस में ये झगड़ा क्यों हुआ? जानने के लिए मैं बेताब हूं। तनाव बहुत ज्यादा था। गुस्सा साफ था। यह बहुत तीव्र था।
परिसेवक ने जब पानी की थाली लाई, तो लगा सब सामान्य है। लेकिन उस प्याले ने सब बदल दिया। क्या ये साजिश थी? प्यार की चॉइस की पटकथा में हर छोटी चीज मायने रखती है। मैं हर बारीकी को गौर से देख रहा हूं। रहस्य गहरा होता जा रहा है। मुझे लगता है कुछ बड़ा होने वाला है। यह बहुत रोचक है।
कक्ष की रोशनी और पार्टी की रोशनी में बहुत फर्क था। एक जगह शांति थी, दूसरी जग शोर। इस विरोधाभास ने कहानी को गहराई दी है। प्यार की चॉइस का निर्माण स्तर बहुत हाई है। मुझे ये श्रृंखला बहुत पसंद आ रही है। कलाकारों ने जान डाल दी। मंच सजावट शानदार था। यह बहुत उत्कृष्ट है।
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