वह औरत जो लाल ड्रेस में थी, उसकी हंसी और चेहरे के भाव वाकई डरावने थे। उसने जिस तरह से उस बेचारी लड़की को फंसाया, वह दिल दहला देने वाला था। गुलाब का बदला की कहानी में यह किरदार सबसे ज्यादा नेगेटिव इम्पैक्ट छोड़ता है। उसकी चालाकी और क्रूरता देखकर हैरानी होती है।
जब वह लड़की जेल में बैठी थी और उसे खाना दिया जा रहा था, तो उसकी आंखों में जो डर और बेबसी थी, वह दिल को छू गई। गुलाब का बदला के इस सीन में एक्टिंग बहुत नेचुरल लगी। वह चिल्ला रही थी और मदद मांग रही थी, लेकिन कोई सुनने वाला नहीं था। यह सीन बहुत इमोशनल था।
वह सीन जहां लड़की को ऑपरेशन टेबल पर बांधा गया था, वहां का माहौल बहुत टेंस था। डॉक्टर का वह चेहरा और वह चाकू देखकर लग रहा था कि अब इसका क्या होगा। गुलाब का बदला में सस्पेंस बनाए रखने के लिए ऐसे सीन्स बहुत जरूरी हैं। दर्शक पूरी तरह से स्क्रीन से चिपक जाता है।
नेटशॉर्ट ऐप पर ऐसे शॉर्ट फिल्म्स देखना बहुत अच्छा लगता है। गुलाब का बदला जैसी कहानियां जो जल्दी-जल्दी आगे बढ़ती हैं, उन्हें देखने में मजा आता है। वीडियो की क्वालिटी और एक्टिंग दोनों ही लेवल के ऊपर हैं। यह ऐप मनोरंजन का एक बेहतरीन जरिया बन गया है।
कहानी में दिखाया गया कि कैसे एक पूरी टीम मिलकर उस लड़की के खिलाफ साजिश रचती है। वह स्पॉ डे असल में एक जाल था। गुलाब का बदला में यह दिखाया गया कि कैसे अमीर और ताकतवर लोग गरीबों को फंसा सकते हैं। यह सामाजिक संदेश भी देता है कि सावधान रहना जरूरी है।