व्हाइट ड्रेस वाली लड़की की आँखों में जो आत्मविश्वास है, वो किसी डर को नहीं जानता। जब वो बोलती है, तो पूरा कमरा चुप हो जाता है। प्रतिशोध की डोर में ऐसे किरदार ही कहानी को आगे बढ़ाते हैं। उसकी हर अदा में एक राज छिपा है जो दर्शकों को बांधे रखता है।
सूट पहने उस बुजुर्ग व्यक्ति के चेहरे पर जो गंभीरता है, वो बताती है कि वो किसी बड़ी साजिश का हिस्सा हैं। उनकी चुप्पी शोर मचा रही है। प्रतिशोध की डोर के इस सीन में तनाव साफ झलकता है। लगता है वो अगली चाल चलने वाले हैं।
काले सूट वाले आदमी का गुस्सा देखकर लगता है कि वो हार नहीं मानने वाले। उनकी आवाज़ में जो दमखम है, वो कमरे की हवा बदल देता है। प्रतिशोध की डोर में ऐसे संवाद ही दर्शकों को रोमांचित करते हैं। वो जरूर कुछ बड़ा प्लान कर रहे हैं।
काली साड़ी पहनी उस महिला की आँखों में एक अलग ही चमक है। वो फोन पर बात करके कुछ प्लान बना रही हैं। प्रतिशोध की डोर में ऐसे किरदार कहानी में ट्विस्ट लाते हैं। उनकी हर हरकत संदेह पैदा करती है।
कांच के कमरे में बैठे सभी पात्रों के बीच जो तनाव है, वो दर्शकों को भी बेचैन कर देता है। प्रतिशोध की डोर का यह सीन बताता है कि यहाँ कुछ बड़ा होने वाला है। हर किसी के चेहरे पर अलग-अलग भाव हैं।