बूढ़े जादूगर और छोटे बच्चे के बीच का रिश्ता बहुत प्यारा है। जब बच्चा झाड़ू से जादू करता है तो लगता है जैसे मशीन वाला प्रॉडिजी की दुनिया सच हो गई हो। अंधेरे कमरे में चमकता गोला और जादुई रोशनी देखकर रोंगटे खड़े हो जाते हैं। यह दृश्य दिल को छू लेता है।
समुद्र के बीच बना वह विशाल महल और ऊपर से गिरती नीली रोशनी देखकर मन मंत्रमुग्ध हो जाता है। जब जादूगर लोग बालकनी में खड़े होकर आसमान की ओर देखते हैं तो लगता है कोई बड़ा चमत्कार होने वाला है। मशीन वाला प्रॉडिजी का जादू हर दृश्य में साफ झलकता है।
अखबार की टोपी पहने वह छोटा बच्चा जब जादू की छड़ी घुमाता है तो उसकी आँखों में चमक देखकर दिल खुश हो जाता है। बूढ़े जादूगर का उसे प्यार से देखना और फिर महल का जाग उठना - सब कुछ इतना सुंदर है कि मशीन वाला प्रॉडिजी देखने का मन करता है।
आसमान में बने वे नीले जादुई चक्र और महल के चारों ओर फैली रोशनी देखकर लगता है जैसे कोई प्राचीन मंत्र जाग गया हो। जब बूढ़े जादूगर हाथ उठाकर कुछ बोलते हैं तो उनकी आवाज़ में इतनी ताकत है कि मशीन वाला प्रॉडिजी की दुनिया सच लगने लगती है।
बूढ़े जादूगर और उनके साथियों के बीच का रिश्ता बहुत गहरा लगता है। जब वे सब मिलकर महल की बालकनी में खड़े होते हैं और आसमान की ओर देखते हैं तो लगता है जैसे वे कोई बड़ा फैसला लेने वाले हैं। मशीन वाला प्रॉडिजी में ऐसे दृश्य बहुत प्रभावशाली हैं।
जब महल से ऊपर की ओर नीली रोशनी की किरण जाती है और आसमान में एक बड़ा चक्र बनता है तो लगता है जैसे धरती और आसमान जुड़ गए हों। बच्चे की खुशी और जादूगरों की गंभीरता का संतुलन मशीन वाला प्रॉडिजी में बहुत अच्छे से दिखाया गया है।
झाड़ू से निकलती आग और फर्श पर फैलती जादुई रेखाएं देखकर लगता है जैसे कोई प्राचीन शक्ति जाग गई हो। जब बच्चा मुस्कुराता है तो उसकी मासूमियत और जादू की शक्ति का मिलन मशीन वाला प्रॉडिजी को और भी खास बना देता है।
सोया हुआ महल जब जादू की वजह से जागता है और उसके चारों ओर नीली रोशनी का घेरा बनता है तो लगता है जैसे कोई सपना सच हो गया हो। बूढ़े जादूगर की आँखों में आँसू और चेहरे पर मुस्कान देखकर मशीन वाला प्रॉडिजी का जादू और भी गहरा लगता है।
जब सभी जादूगर महल की बालकनी में इकट्ठा होते हैं और आसमान में बने जादुई चक्रों को देखते हैं तो लगता है जैसे कोई बड़ा युद्ध या चमत्कार होने वाला है। मशीन वाला प्रॉडिजी में ऐसे दृश्य दर्शकों को बांधे रखते हैं और मन में उत्सुकता पैदा करते हैं।
अंधेरे कमरे से शुरू होकर महल के जागने तक का सफर बहुत सुंदर है। बच्चे की मासूमियत और बूढ़े जादूगर का अनुभव जब मिलते हैं तो मशीन वाला प्रॉडिजी की दुनिया और भी रोचक लगती है। अंत में जब सब कुछ शांत होता है तो दिल को सुकून मिलता है।
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