बेटी के जागने पर उसकी भ्रमित आवाज़ और फिर अचानक मिले 10 लाख के खाते का रहस्य दिलचस्प है। (डबिंग) टूटे रिश्ते में दिखाया गया है कि कैसे पैसों के लिए रिश्ते टूटते हैं। माँ और भाई की लालच सामने आती है जब वे दहेज की बात करते हैं। बेटी का गुस्सा और आंसू दर्दनाक हैं। यह शॉर्ट फिल्म परिवार के अंदरूनी संघर्ष को बहुत अच्छे से दिखाती है।
पहले तो माँ प्यार से बात करती है, फिर अचानक बेटी पर हाथ उठा देती है। (डबिंग) टूटे रिश्ते में यह दृश्य बहुत तीव्र है। जब बेटी कहती है कि यह पैसा पापा ने दिया है, तो माँ का जवाब है — 'मैं तुम्हारी माँ हूँ, जो तुम्हारा है वो मेरा है।' यह सोच डरावनी है। भाई भी साथ देता है। नेटशॉर्ट पर ऐसे ड्रामे देखकर मन भारी हो जाता है।
भाई और माँ दोनों दहेज के पैसों पर नजर गड़ाए हुए हैं। (डबिंग) टूटे रिश्ते में दिखाया गया है कि कैसे लालच इंसान को अंधा कर देता है। बेटी का संघर्ष और उसकी आवाज़ में दर्द साफ झलकता है। जब वह चिल्लाती है — 'यह सब आपकी वजह से हुआ!' तो लगता है कि वह सच में टूट गई है। ऐसे परिवारिक नाटक दिल को छू लेते हैं।
जब बेटी कहती है — 'पापा मुझे नहीं चाहते', तो लगता है कि उसका दिल टूट गया है। (डबिंग) टूटे रिश्ते में यह डायलॉग बहुत भारी है। फिर जब उसे पता चलता है कि पापा ने उसे 10 लाख दिए हैं, तो उसकी उम्मीद जागती है। लेकिन माँ और भाई की लालच उसे फिर से नीचे गिरा देती है। नेटशॉर्ट पर ऐसे इमोशनल सीन्स देखकर आंसू आ जाते हैं।
भाई बेहन के पैसों पर नजर गड़ाए हुए है और कहता है — 'अगर ये 10 लाख हमें मिल जाएंगे तो सारी परेशानियां दूर हो जाएंगी।' (डबिंग) टूटे रिश्ते में यह दृश्य बहुत चौंकाने वाला है। बेहन का गुस्सा और उसका चिल्लाना — 'छोड़ो मुझे!' — दिल को छू लेता है। ऐसे परिवारिक धोखे असल जिंदगी में भी होते हैं। नेटशॉर्ट पर ऐसे ड्रामे देखकर सोचने पर मजबूर हो जाते हैं।