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Devar Ka Afair

Anna ne Patton se shaadi ki, par shaadi mein pyar nahi mila. Akeli aur thandi ho kar, woh Patton ke bhai Edward se milti hai. Jo companionship shuru hoti hai, woh khatarnak afair ban jaati hai. Kyunki is baar, woh aadmi jise woh chahti hai, woh hai jisse usse kabhi pyar nahi karna tha.
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इस एपिसोड की समीक्षा

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विदाई का दर्द

टैक्सी के पास दोस्तों का गले मिलना और फिर आंसू, यह सीन दिल को छू गया। देवर का अफेयर में ऐसे इमोशनल मोमेंट्स बहुत हैं जो रिलेटेबल लगते हैं। शहर की भीड़ में अकेलापन और फिर फूलों वाली बुजुर्ग से मुलाकात, सब कुछ बहुत खूबसूरती से दिखाया गया है।

फूलों का संदेश

बुजुर्ग महिला से सफेद फूल लेना और फिर उन फूलों को सूंघते हुए यादों में खो जाना, यह सीन बहुत पावरफुल था। देवर का अफेयर की कहानी में ये छोटे-छोटे डिटेल्स बड़ा असर छोड़ते हैं। लगता है वो फूल किसी खास इंसान की याद दिला रहे थे।

रात का सच

रात के सीन में लड़के के चेहरे पर चोट और आंसू, यह सब कुछ बताता है कि कहानी में कुछ गहरा चल रहा है। देवर का अफेयर में सस्पेंस और इमोशन का बेहतरीन मिश्रण है। वो लड़की जो स्क्रब्स में थी, शायद नर्स है और उसका कनेक्शन उस लड़के से है।

शहर की भीड़ में

न्यूयॉर्क की सड़कों पर टैक्सी, ऊंची इमारतें और फिर दोस्तों का बिछड़ना, सब कुछ सिनेमेटिक लग रहा था। देवर का अफेयर में लोकेशन का यूज बहुत अच्छे से किया गया है। लड़की का टैक्सी में रोना और ड्राइवर का देखना, वो पल बहुत इंटेंस था।

आंसू और मुस्कान

पहले दोस्त से मिलकर खुश होना और फिर टैक्सी में अकेले रोना, यह इमोशनल रोलरकोस्टर था। देवर का अफेयर में किरदारों की गहराई बहुत अच्छे से दिखाई गई है। लगता है वो लड़की किसी बहुत बड़े फैसले के बाद शहर छोड़ रही है।

बुजुर्ग की समझ

फूल बेचने वाली दादी मां का किरदार बहुत प्यारा था। उनकी बातें सुनकर लड़की के चेहरे पर जो बदलाव आया, वो कमाल का था। देवर का अफेयर में ऐसे सपोर्टिंग किरदार कहानी को आगे बढ़ाते हैं। शायद उन्होंने ही उसे कोई रास्ता दिखाया।

टैक्सी ड्राइवर का सवाल

टैक्सी ड्राइवर का पीछे मुड़कर देखना और लड़की का रोना, यह सीन बहुत नेचुरल लगा। देवर का अफेयर में ऐसे छोटे-छोटे इंटरैक्शन कहानी को रियलिस्टिक बनाते हैं। लगता है ड्राइवर भी समझ गया था कि कुछ गड़बड़ है।

यादों का बोझ

लड़की का सूटकेस लेकर खड़ी होना और फिर फूलों को देखते हुए सोच में पड़ जाना, यह सब बताता है कि वो अतीत से जुड़ी है। देवर का अफेयर में पेस्ट और प्रेजेंट का कनेक्शन बहुत अच्छे से दिखाया गया है। वो लड़का जिसके चेहरे पर चोट थी, शायद उसकी वजह से वो जा रही है।

दोस्ती का अंत

दोस्तों का गले मिलना और फिर एक का चले जाना, यह बिछड़ने का दर्द बहुत अच्छे से दिखाया गया। देवर का अफेयर में रिश्तों की जटिलताओं को बहुत खूबसूरती से पेश किया गया है। लगता है यह विदाई हमेशा के लिए थी।

उम्मीद की किरण

आखिर में लड़की के चेहरे पर हल्की सी मुस्कान और फूलों के साथ खड़ी होना, यह उम्मीद देता है कि सब ठीक हो जाएगा। देवर का अफेयर की कहानी में दर्द के बाद भी उम्मीद बाकी है। शायद नई शुरुआत होने वाली है।