छोटी परी इतनी डरी हुई लग रही थी कि दिल पसीज गया। सफेद बालों वाले लड़के ने उसका हाथ थामा तो लगा जैसे वो उसे बचा रहा हो। मोह का स्वामी, देवियाँ दीवानी में ऐसे रिश्ते देखने को मिलते हैं जो दिल को छू लेते हैं। बैठक कक्ष का माहौल बहुत तनावपूर्ण था पर जादुई पंखों की चमक ने सबका ध्यान खींच लिया। यह दृश्य बहुत भावनात्मक था और देखने वाले को बांधे रखता है। हर पल में जान थी। दर्शक जुड़े रहते हैं।
लाल बालों वाली राक्षसी लड़की का रवैया बहुत चौंकाने वाला था। पहले वो गुस्से में लग रही थी फिर उसने परि लड़की के गाल को प्यार से छुआ। मोह का स्वामी, देवियाँ दीवानी में किरदारों के बीच ऐसा बदलाव देखना रोमांचक है। उनकी आंखों में जामुनी रंग और सींग बहुत खूबसूरत लग रहे थे। दुश्मनी दोस्ती में बदलती दिखाई दी। यह पल बहुत खास था। सब हैरान थे। नज़ारा अनोखा था।
सुनहरी कुर्सी पर बैठे बूढ़े व्यक्ति की गरिमा देखते ही बनती थी। उनकी सफेद दाढ़ी और लंबे बाल उन्हें बहुत शक्तिशाली बना रहे थे। मोह का स्वामी, देवियाँ दीवानी में ऐसे नेता किरदारों की डिजाइन बहुत प्रभावशाली होती है। जब वो बोले तो कमरे में सन्नाटा छा गया। उनकी आवाज़ में वजन था जो सबको चुप करा रहा था। सब उनकी बात सुन रहे थे। कोई नहीं बोला। सब स्तब्ध थे।
सफेद बालों वाले लड़के की आंखें बहुत शांत थीं जब सब कुछ बिगड़ रहा था। उसने हरे रंग की हूडी पहनी थी और वो बहुत ठंडा दिमाग वाला लग रहा था। मोह का स्वामी, देवियाँ दीवानी में हीरो का ऐसा रूप हमें बहुत पसंद आया। उसने परी का हाथ नहीं छोड़ा चाहे सामने कितने भी लोग खड़े हो गए हों। सच्चा साहस यही है जो दिखाया। वो डरा नहीं। हिम्मत दिखाई।
सैन्य वर्दी वाले लोग बहुत गुस्से में लग रहे थे। उन्होंने टेबल पर हाथ मारा और खड़े हो गए। मोह का स्वामी, देवियाँ दीवानी में इंसानों और जादुई प्राणियों के बीच का संघर्ष बहुत अच्छे से दिखाया गया है। लकड़ी की दीवारों वाले कमरे में ये लड़ाई बहुत गंभीर लग रही थी। हर किसी के चेहरे पर सख्ती साफ दिख रही थी। माहौल गरमा गया था। शोर बढ़ गया। तनाव छा गया।
जब वो चारों दरवाजे की तरफ बढ़े तो उनकी पीठ बहुत मजबूत लग रही थी। उन्होंने पीछे मुड़कर नहीं देखा हालांकि पीछे बहुत शोर हो रहा था। मोह का स्वामी, देवियाँ दीवानी में ऐसे दृश्य देखकर रोंगटे खड़े हो जाते हैं। परी के नीले पंख और राक्षसी के काले पंख एक साथ चल रहे थे। ये एकता बहुत प्यारी लगी। सब साथ खड़े थे। कोई पीछे नहीं। रास्ता साफ था।
भूरे बालों वाली परि लड़की बहुत उदास लग रही थी। उसकी आंखों में आंसू थे और वो कुछ बोल नहीं पा रही थी। मोह का स्वामी, देवियाँ दीवानी में ऐसे दुखभरे पल दिल को भारी कर देते हैं। राक्षसी लड़की ने उसे सहारा दिया जो बहुत अच्छा लगा। दोस्त ही मुश्किल वक्त में काम आते हैं ये बात साबित हुई। बहुत प्यारा संदेश मिला। सब रो पड़े। दिल टूट गया।
कमरे की रोशनी और लकड़ी की पटलिंग बहुत अमीराना लग रही थी। ऊपर छत पर लाइटें जली हुई थीं जो सब पर रोशनी डाल रही थीं। मोह का स्वामी, देवियाँ दीवानी का चित्रण बहुत शानदार है। हर छोटी चीज़ पर ध्यान दिया गया है जैसे कुर्सियां और दीवार पर बने निशान। देखने में बहुत सुंदर लग रहा था सब कुछ। नज़ारा बेमिसाल था। रंग गहरे थे। कलाकृति लगी।
परी के आंसू गिरते हुए देखकर बहुत बुरा लगा। उसकी नीली आंखों में डर साफ झलक रहा था। मोह का स्वामी, देवियाँ दीवानी में भावनात्मक दृश्य बहुत गहराई से बनाए गए हैं। उसकी चमकदार आभूषण और पंख उसकी मासूमियत को बढ़ा रहे थे। कोई भी इस दृश्य को देखकर भावुक हुए बिना नहीं रह सकता। दिल पर असर हुआ। आंखें नम हुईं। रोना आ गया।
आखिर में जब सूरज ढल रहा था तो दरवाजे से रोशनी आ रही थी। वो सब बाहर की तरफ जा रहे थे नई शुरुआत की तलाश में। मोह का स्वामी, देवियाँ दीवानी का अंत बहुत उम्मीद भरा लग रहा था। लाल और नीले रंगों का मिश्रण पर्दे पर बहुत अच्छा लग रहा था। यह कहानी आगे क्या मोड़ लेगी ये देखने को उत्सुक हैं। सब इंतज़ार करेंगे। मज़ा आएगा। कहानी आगे बढ़ेगी।