बॉस से प्यार की यह रात वाली सीन देखकर दिल भर आया। लड़की का रोना, फोन पर बात करना, और फिर अकेले खड़े होकर सोचना—सब कुछ इतना असली लगा कि मैं भी उसके साथ महसूस करने लगा। लड़के का खिड़की से देखना और फिर फोन उठाना, ये छोटे-छोटे पल बड़े इमोशनल थे। नेटशॉर्ट ऐप पर ऐसे ड्रामे देखना सुकून देता है, जैसे खुद उसी गली में खड़े हों।