PreviousLater
Close

परित्यक्त

गुप्ता परिवार का पुत्र आरव सुखी जीवन जी रहा था। विहान ने झूठी डीएनए रिपोर्ट लाकर उसका जीवन तोड़ा, फिर फर्जी दुर्घटना करके स्वयं को आरव से अंधा होने का नाटक किया। परिवार ने आरव पर विश्वास न करके उसे जेल भेज दिया। पाँच साल बाद छूटने पर आरव ने देखा कि उसकी प्रेमिका सुहानी विहान का बच्चा धारण कर रही है, और परिवार अब भी विहान पर विश्वास करता है। हताश आरव ने सब संबंध तोड़ने का फैसला किया, लेकिन इसी दौरान उसने विहान की साजिश उजागर कर दी। तीन साल बाद आरव गौरव के साथ लौटा और सारी सच्चाई सबके सामने आ गई।
  • Instagram
इस एपिसोड की समीक्षा

परित्यक्त में भावनात्मक तनाव का शानदार प्रदर्शन

परित्यक्त के इस दृश्य में परिवार के बीच छिपा तनाव और अनकही बातें बहुत गहराई से दिखाई गई हैं। बुजुर्ग व्यक्ति का फोन कॉल के बाद बदला हुआ व्यवहार, युवा पुरुष की चिंतित मुद्रा और महिला की शांत लेकिन व्यथित आँखें—सब कुछ एक बड़े रहस्य की ओर इशारा करता है। प्रेस कॉन्फ्रेंस वाला दृश्य तो और भी दिलचस्प है, जहाँ सब कुछ सामने आने वाला लगता है। नेटशॉर्ट ऐप पर ऐसे ड्रामेटिक मोड़ देखना बहुत रोमांचक होता है।