चांदी वाले सूट वाले की एंट्री ही कुछ और थी। उसकी आंखों में जो ठंडक थी, वो सीधे दिल में उतर गई। जब उसने अपने हाथ से नीली रोशनी निकाली, तो लगा जैसे समय थम गया हो। कैंची का जादूगर में ऐसे सीन देखकर रोंगटे खड़े हो जाते हैं। सफेद स्कर्ट वाली की घबराहट साफ दिख रही थी। क्या वो उसे बचा पाएंगे? यह सवाल हर पल दिमाग में चल रहा है। एक्शन और इमोशन का बेहतरीन मिश्रण।
लाल जैकेट वाली का हाल देखकर बहुत बुरा लगा। वो जमीन पर बैठी थी और उसके चेहरे पर दर्द साफ झलक रहा था। ध्यान देने वाली बात यह है कि चांदी वाले सूट वाले ने कार्ड दिखाकर सबको चौंका दिया। कैंची का जादूगर की कहानी में यह मोड़ बहुत अहम लग रहा है। स्ट्राइप्ड शर्ट वाले ने हिम्मत नहीं हारी। माहौल में जो तनाव था, वो स्क्रीन के पार भी महसूस हुआ।
रात के उस वीराने में बारिश के बाद की नमी ने सीन को और भी ड्रामेटिक बना दिया। सफेद स्कर्ट वाली ने जब पीछे मुड़कर देखा, तो उसकी आंखों में सवाल थे। क्या यह अंत है या नई शुरुआत? कैंची का जादूगर के इस एपिसोड में हर किरदार ने अपना किरदार बखूबी निभाया। खासकर वो पल जब जादुई शक्तियां सामने आईं। दर्शक के रूप में मैं बस यही कहूंगी कि अगला एपिसोड कब आएगा।
स्ट्राइप्ड शर्ट वाले की हिम्मत को सलाम। सामने इतनी ताकतवर दुश्मन खड़ी थी, फिर भी वो पीछे नहीं हटा। उसने सफेद स्कर्ट वाली को अपने पीछे खड़ा करके सुरक्षा का वादा किया। कैंची का जादूगर में ऐसे रिश्ते देखकर अच्छा लगता है। चांदी वाले सूट वाले की तकनीक बहुत आधुनिक लग रही थी। क्या यह विज्ञान है या जादू? इस उलझन ने कहानी को और रोचक बना दिया है।
उस कार्ड को देखकर मैं भी हैरान रह गई जो चांदी वाले सूट वाले ने दिखाया। उस पर कुछ संकेत थे जो शायद किसी बड़े राज को खोलने वाले हैं। लाल जैकेट वाली की चोट गंभीर लग रही थी। कैंची का जादूगर की पटकथा में ऐसे सस्पेंस बहुत जरूरी होते हैं। नीली रोशनी का प्रभाव बहुत शानदार था। रात के अंधेरे में यह रोशनी किसी उम्मीद की किरण जैसी लग रही थी।