जब ओमकारनाथ उस लड़के को धीरे-धीरे खाने के लिए कहता है, तो वह सिर्फ पेट नहीं भर रहा, बल्कि उसका खोया हुआ सम्मान वापस ला रहा है। टीवी पर आर्यन वर्मा की खबर और इस लड़के का चेहरा देखकर लगता है कि कहानी में कोई बड़ा ट्विस्ट आने वाला है। नेटशॉर्ट ऐप पर ऐसे इमोशनल मोमेंट्स देखना बहुत अच्छा लगता है।
एक तरफ ओमकारनाथ है जो इंसानियत के नाते मदद कर रहा है, और दूसरी तरफ हंस राज और उसका पार्टनर जो सिर्फ बिजनेस और प्रतिष्ठा की चिंता कर रहे हैं। यह कंट्रास्ट बहुत तेज है। लगता है कि ओमकारनाथ की इस दयालुता का परिणाम बहुत जल्द सामने आने वाला है। (डबिंग) गायब महाराज की कहानी में यह मोड़ बहुत जरूरी था।
टीवी न्यूज में आर्यन वर्मा के गायब होने की खबर और उस लड़के का चेहरा देखकर मुझे शक हो रहा है कि शायद वह लड़का ही आर्यन वर्मा है। ओमकारनाथ को नहीं पता कि उसने किस बड़े चेफ को बचाया है। यह सस्पेंस बहुत बढ़िया बनाया गया है। नेटशॉर्ट पर ऐसे सस्पेंस से भरे ड्रामे देखना मेरी आदत बन गई है।
हंस राज को लगता है कि ओमकारनाथ नाटक कर रहा है, लेकिन असल में ओमकारनाथ ही असली हीरो है। हंस राज की ईर्ष्या और ओमकारनाथ की सादगी का टकराव बहुत दिलचस्प है। यह वीडियो हमें सिखाता है कि असली अच्छाई दिखावे में नहीं, दिल में होती है। (डबिंग) गायब महाराज में यह थीम बहुत अच्छे से उभरी है।
जब ओमकारनाथ उस लड़के को बाओज़ी खिलाता है, तो लड़के की आंखों में जो चमक आती है, वह भूख मिटाने से ज्यादा कुछ और है। शायद उसे याद आ गया हो कि वह कौन था। खाना सिर्फ पेट भरने के लिए नहीं, बल्कि यादें ताजा करने के लिए भी होता है। यह सीन बहुत इमोशनल था और नेटशॉर्ट ऐप पर ऐसे सीन्स की कमी नहीं है।