जिस तरह से वो शराब की बोतल पकड़ रही है, लगता है जैसे कोई हथियार हो। सफेद कपड़ों वाली लड़की का गला दबाकर पिलाना इंसानियत को शर्मसार कर रहा है। गलत हाथों में दिल की ये कहानी हमें बताती है कि पावर कैसे लोगों को पागल बना देती है। उस लड़की की चीखें और माँ का रोना कानों में गूंज रहा है।
कमरे में शोर है, शीशे टूट रहे हैं, लेकिन सफेद कपड़ों वाली लड़की की चीखें सबसे ज्यादा दर्दनाक हैं। काले लेस वाली औरत का चेहरा देखकर लगता है जैसे वो किसी और ही दुनिया में हो। गलत हाथों में दिल में ऐसे दृश्य दिखाकर दर्शकों के दिल पर चोट पहुंचाई गई है। ये सिर्फ एक झगड़ा नहीं, ये एक युद्ध है।
काले कपड़ों वाली लड़की का अहंकार उसे कहां ले जा रहा है? सिर से खून बह रहा है फिर भी वो रुक नहीं रही। सफेद कपड़ों वाली लड़की जमीन पर गिर चुकी है, फिर भी उसे छोड़ा नहीं जा रहा। गलत हाथों में दिल की ये कहानी बताती है कि जब इंसान हद से गुजर जाता है तो क्या होता है। माँ की बेबसी देखकर गुस्सा आता है।
फर्श पर बिखरे शीशे के टुकड़े और टूटे हुए दिलों की कहानी। सफेद कपड़ों वाली लड़की की हालत देखकर लगता है जैसे सब कुछ खत्म हो गया हो। काले लेस वाली औरत का गुस्सा किसी तूफान से कम नहीं। गलत हाथों में दिल में ऐसे सीन देखकर लगता है कि प्यार और नफरत की लकीर कितनी पतली होती है।
चारों तरफ लोग खड़े हैं, लेकिन सफेद कपड़ों वाली लड़की को बचाने वाला कोई नहीं। काले कपड़ों वाली औरत का डर सब पर छाया हुआ है। माँ चीख रही हैं, बेटी तड़प रही है, लेकिन कोई आगे नहीं आ रहा। गलत हाथों में दिल की ये कहानी समाज की खामोशी पर भी सवाल उठाती है। ये दृश्य बहुत ही दिल दहला देने वाला है।