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Phoenix Ka Uday वां39एपिसोड

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कथानक सार

Divine Phoenix ka varadaan paane wala Cedrick, apni buri sauteli maa se bachne aur apni maa ki maut ki sachai jaanne ke liye ek bekaar playboy ki tarah act karta hai, aur apne pratibhavan sautele bhai ko sabhi limelight de deta hai. Lekin jab kaale janwar Princess ke haath ke liye Royal Tournament ko tabah kar dete hain, tab Cedrick apni asli aag dikhata hai, invaders ko hara kar apna churaya hua throne aur birthright wapas le leta hai.
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इस एपिसोड की समीक्षा

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राजा का क्रोध और माफी

फीनिक्स का उदय में राजा का गुस्सा देखकर रोंगटे खड़े हो गए! पहले वो चीख रहे थे, फिर अचानक हंसने लगे। ये बदलाव इतना अचानक था कि समझ नहीं आया क्या चल रहा है दिमाग में। लेकिन जब उन्होंने युवक को गले लगाया, तो लगा शायद सब नाटक था। सत्ता के खेल में कभी भरोसा नहीं करना चाहिए।

सुनहरे बालों वाली रानी का दर्द

जब सैनिकों ने रानी को घसीटा, तो दिल दहल गया। फीनिक्स का उदय का ये सीन सबसे दर्दनाक था। उसकी आंखों में आंसू और चेहरे पर गुस्सा दोनों थे। वो चीख रही थी लेकिन कोई सुनने वाला नहीं था। राजा की बेरुखी देखकर लगा कि प्यार की कोई कीमत नहीं होती सत्ता के सामने। बहुत इमोशनल सीन था।

युवक की चुप्पी का राज

फीनिक्स का उदय में वो युवक जो घुटनों पर बैठा था, उसकी चुप्पी सब कुछ कह रही थी। जब सैनिक आए तो वो हिला तक नहीं। शायद वो जानता था कि विरोध करने से कुछ नहीं होगा। लेकिन जब राजा हंसे, तो उसकी आंखों में राहत दिखी। क्या वो भी इस साजिश का हिस्सा था? ये सवाल दिमाग में घूम रहा है।

सैनिकों का डरावना प्रवेश

जब कवच पहने सैनिक दरवाजे से आए, तो माहौल बदल गया। फीनिक्स का उदय में इनका एंट्री सीन बहुत पावरफुल था। भारी कदमों की आवाज और चमकता कवच देखकर लगा कि अब कुछ बड़ा होने वाला है। उन्होंने बिना किसी दया के रानी को उठाया। ये दिखाता है कि सेना के सामने कोई नहीं टिक सकता।

राजा का दोहरा चेहरा

फीनिक्स का उदय के राजा का किरदार सबसे दिलचस्प है। एक पल में गुस्से से लाल, दूसरे पल में हंसते हुए। जब उन्होंने युवक को गले लगाया, तो लगा शायद वो अच्छे इंसान हैं। लेकिन फिर याद आया कि उन्होंने रानी को सजा दी। ये दोहरापन ही तो सत्ता की असली ताकत है। कभी भरोसा मत करो।

नीले कपड़े वाले योद्धा की चुप्पी

फीनिक्स का उदय में वो योद्धा जो नीले कपड़ों में था, वो पूरे सीन में चुप रहा। जब राजा गुस्सा कर रहे थे, तो वो पीछे खड़ा था। जब सैनिक आए, तो उसने कुछ नहीं कहा। शायद वो जानता था कि बोलने से कुछ नहीं होगा। या फिर वो भी इस खेल का हिस्सा था? उसकी आंखों में कुछ छिपा था।

महल की दीवारें सब देखती हैं

फीनिक्स का उदय के महल के सीन बहुत खूबसूरत हैं। मोमबत्तियों की रोशनी, भारी पर्दे, और सोने की सजावट। लेकिन इन दीवारों ने कितने राज देखे होंगे। जब रानी चीख रही थी, तो दीवारें चुप थीं। जब राजा हंस रहे थे, तो दीवारें मुस्कुरा रही थीं। ये महल सिर्फ इमारत नहीं, इतिहास है।

युवक और राजा का रिश्ता

फीनिक्स का उदय में राजा और युवक का रिश्ता सबसे उलझन भरा है। पहले राजा गुस्से में थे, फिर अचानक हंसने लगे और युवक को गले लगा लिया। क्या ये पिता-पुत्र का रिश्ता है? या फिर कोई और खेल चल रहा है? जब दोनों हंस रहे थे, तो लगा शायद सब कुछ प्लान किया हुआ था। बहुत गहराई है इसमें।

रानी की आखिरी चीख

जब सैनिक रानी को ले जा रहे थे, तो उसकी आखिरी चीख दिल को छू गई। फीनिक्स का उदय में ये सीन सबसे ज्यादा इमोशनल था। उसकी आंखों में आंसू, चेहरे पर गुस्सा, और आवाज में दर्द। वो जानती थी कि अब सब खत्म हो गया। लेकिन उसकी चीख अभी भी कानों में गूंज रही है। बेचारी रानी।

सत्ता का असली खेल

फीनिक्स का उदय पूरा सत्ता के खेल पर आधारित है। राजा का गुस्सा, रानी की सजा, युवक की चुप्पी, और सैनिकों का डर। सब कुछ एक प्लान का हिस्सा लगता है। जब राजा हंस रहे थे, तो लगा शायद ये सब नाटक था। सत्ता में कोई सच नहीं होता, सिर्फ खेल होता है। और इस खेल में सब मोहरे हैं।