पिता की असली ताकत में राजसी वस्त्रों में लिपटे पात्रों के बीच गहरा संघर्ष दिखाया गया है। काले फर कोट वाला युवक और सफेद पोशाक वाली महिला के बीच की रसायनशीलता दर्शनीय है। तलवारबाजी के दृश्य में जोश और डर का मिश्रण है। सिंहासन पर बैठे राजकुमार की चिंतित मुद्रा कहानी के मोड़ का संकेत देती है। प्रकृति की पृष्ठभूमि में यह नाटक और भी रोचक लगता है।